‘माधुरी दीक्षित’ झील, जहाँ जा सकते हैं केवल भारतीय

भारत में खूबसूरती की कमी नहीं है। जहां नजर घुमाएंगे वहीं कला और प्रकृति के अद्भुत उदहारण देखने को मिलेंगे। आज हम आपको ऐसी ही जगह के बारे में बताने जा रहे हैं जिसे देखकर धरती पर स्वर्ग के दर्शन हो जाएंगे। सबसे अनोखी बात तो ये है कि यहां स्थित झील को माधुरी दीक्षित झील भी कहते हैं।
दरअसल, इस झील के पास माधुरी दीक्षित का एक गाना फिल्माया गया था, जिसके बाद लोग सांगेसर झील को माधुरी झील कहने लगे। समुद्र तल से 15,200 फीट की ऊंचाई पर स्थित सांगेसर झील भूकंप की वजह से बनी थी। स्थानीय लोगों के अनुसार ये झील अपनी वर्तमान जगह से कुछ दूरी पर स्थित थी। मगर टेक्टोनिक प्लेटों के खिसकने के कारण झील आज अपनी जगह से खिसक गई। जिसकी वजह से देवदार के जंगल का एक बड़ा हिस्सा पानी में समा गया।
आज भी पेड़ों के ऊपरी हिस्से बड़े अजीब तरह से पानी की सतह के ऊपर निकले हुए देखे जा सकते हैं। झील भारत-चीन सीमा के करीब स्थित है और झील देखने के लिए आपको जिला आयुक्त से इजाजत लेनी होगी। तवांग से इस झील तक पहुंचने में दो घंटे लगेंगे और केवल भारतीयों को ही इस झील तक जाने की अनुमति है।

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