कोलकाता। पश्चिम बंगाल सरकार ने राज्य के स्वास्थ्य ढांचे को सुदृढ़ करने और अस्पतालों के आसपास स्वच्छ व धुएं रहित वातावरण सुनिश्चित करने की दिशा में एक ऐतिहासिक और सख्त कदम उठाया है। राज्य के स्वास्थ्य मंत्री शारद्वत मुखोपाध्याय ने तमलुक में बड़ा ऐलान करते हुए घोषणा की है कि बंगाल के सभी सरकारी व निजी अस्पतालों के 100 मीटर के दायरे में बीड़ी, सिगरेट, गुटखा, खैनी और अन्य तंबाकू उत्पादों की बिक्री एवं सेवन पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगा दिया गया है। इस महत्वपूर्ण निर्णय की घोषणा करते हुए स्वास्थ्य मंत्री ने स्पष्ट किया कि अस्पतालों के प्रवेश द्वार और आसपास तंबाकू की दुकानें और धुएं का गुबार मरीजों तथा उनके तीमारदारों के स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बन रहा था, जिस पर अब पूर्णविराम लगाया जा रहा है। स्वास्थ्य मंत्री शारद्वत मुखोपाध्याय ने यह भी घोषणा की कि अस्पतालों के इंडोर वार्डों में मोबाइल फोन के इस्तेमाल पर भी सख्ती बरती जाएगी। उनका कहना था कि मरीजों के उपचार और अस्पताल के अनुशासन को ध्यान में रखते हुए यह कदम उठाया जा रहा है। मीडिया कर्मियों से बातचीत में स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार अस्पतालों की व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए लगातार निरीक्षण कर रही है। उन्होंने कहा कि अस्पतालों में यदि डॉक्टरों, नर्सों और कर्मचारियों के कार्य व्यवहार में सुधार नहीं हुआ तथा दलालों की गतिविधियां बंद नहीं हुईं, तो संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। स्वास्थ्य मंत्री ने यह भी घोषणा की कि अस्पतालों के इंडोर वार्डों में मोबाइल फोन के इस्तेमाल पर भी सख्ती बरती जाएगी। उनका कहना था कि मरीजों के उपचार और अस्पताल के अनुशासन को ध्यान में रखते हुए यह कदम उठाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल नियम बनाना नहीं बल्कि स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक पारदर्शी, सुरक्षित और मरीजों के अनुकूल बनाना है। निरीक्षण के आधार पर तैयार रिपोर्ट के अनुसार आवश्यक सुधार लागू किए जाएंगे ताकि अस्पतालों में बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें। स्वास्थ्य मंत्री ने विश्वास जताया कि मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के नेतृत्व में पश्चिम बंगाल की स्वास्थ्य व्यवस्था को चरणबद्ध तरीके से और अधिक मजबूत, आधुनिक तथा जनहितैषी बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में अस्पतालों में अनुशासन, पारदर्शिता और मरीजों की सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता होगी।




